संवाददाता दीपू शर्मा/ बठिंडा तस्वीरें बठिंडा के पास के गांव जोधपुर रोमाना की हैं यहां के एक किसान ने अपने खेत में चूहे मारने की दवाई फेंक दी जिससे चूहों तो मर गए परंतु इस दवाई को अनाज में मिलाकर फेंका गया था अन्य पक्षियों ने भी खाया और मर गए नतीजा यह हुआ कि कई अन्य पक्षी भी मर गए जिसमें राष्ट्रीय पक्षी कहा जाने वाला मोर वह उल्लू और कई प्रकार की चिड़िया भी शामिल थी
दोस्तो जिसमें अनेकों मनुष्य वह पक्षी व पशुओं अनेकों जीव-जंतुओं को ईश्वर ने हर एक के हिस्से का भोजन व अनाज दिया गया है थोड़े से अनाज के पीछे इन निर्जीव प्राणियों की हत्या कर दी एक किसान भाई ने एक बार भी नहीं यह सोचा कि जो किसान अन्नदाता कहा जाता है वह किसान ही निर्जीव जीवो की हत्या करते हुए भी एक बार भी संकोच नहीं किया तस्वीरों में सभी पक्षी साफ तौर पर दिखाई दे रही हैं